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FAQ Page Schema, Markup क्या है |FAQ Schema in hindi

FAQ Page Schema, Markup क्या है, कैसे काम करता है (FAQ Schema in hindi, structured data,types, Benefits, Generator, How to add)

आपने कई बार गूगल सर्च रिजल्ट में देखा होगा कि स्टार रेटिंग दिख रही होगी. इस तरह की अतिरिक्त इनफार्मेशन को रिच स्निपिट कहते है और जो कोड जेनरेट होकर, गूगल सर्च इंजन को बताता है कि वह जानकारी स्कीमा मार्कअप कहलाती है. स्कीमा ऐड करने से आपकी साईट का रिच रिजल्ट आने की प्राथमिकता बढ़ जाती है.

वर्डप्रेस में स्कीमा 2011 में आया था, जिसमें डाटा को स्कीमा में बनाकर एक स्ट्रक्चर डाटा को इन्टरनेट में प्रेजेंट किया जाता है. यह टैग्स या माइक्रोडाटा की तरह है जो वेब पेज में जुड़कर सर्च इंजन की डाटा को समझने में मदद करता है. आजकल बहुत से स्कीमा आ चुके है, जिनका उपयोग कर पब्लिशर अपने डाटा को और ज्यादा आकर्षित करने वाला बना रहे है. अभी आर्टिकल स्कीमा से इवेंट स्कीमा अभी बहुत फेमस हो रहे है. चलिए विस्तार से जानते है स्कीमा क्या होता है, कितने टाइप है है, कैसे उपयोग में आया जा सकता है.

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वर्डप्रेस स्कीमा क्या होता है –

स्कीमा मार्किंग, वर्डप्रेस में पीछे सर्वर में कोड जनरेट करता है. आम लोगों को यह कोड दिखाई नहीं देता है, लेकिन गूगल सर्च इंजिन इस कोडिंग रीड कर आपके डाटा को बेहतर तरीके से समझ पाता है. सर्च इंजिन आपके इस डाटा को रिच स्निपिट में भी शो कर सकता है. स्कीमा ऐड करने से आपकी साईट का रिच स्निपिट में आने के चांस बढ़ जाते है, क्यूंकि गूगल आपके डाटा को बेहतर तरीके से समझ कर पढ़ता, जिसे वो उसी तरह से प्रेजेंट भी करता है. अगर कोई रेसिपी सर्च करता है तो उसे रिच स्निपिट में उस रेसिपी को मिले स्टार, रिव्यु, कैलोरी, बनाने का टाइम आदि सर्च में ही दिखाई देता है, उस साईट पर क्लिक करने की जरुरत नहीं होती.

स्कीमा मार्कअप कितने तरह के होते है (Types) –

आप जिस तरह का डाटा उपयोग कर रहे है, उसके अनुसार आप वर्डप्रेस में स्कीमा ऐड कर सकते है. स्कीमा मार्कअप जो ज्यादा तर उपयोग में आते है वो निम्न है –

  • पीपल
  • प्रोडक्ट,
  • रिव्यु
  • रेसिपी
  • सॉफ्टवेयर एप्लीकेशन
  • इवेंट
  • विडियो
  • आर्टिकल
  • लोकल बिजनेस
  • बुक्स

ऍफ़एक्यू स्कीमा क्या होता है? (What is FAQ schema)

ऍफ़एक्यू स्कीमा में आप अपनी साईट में एक कोड जनरेट कर बताते है कि यह कंटेंट सवाज-जबाब फॉर्मेट में लिखा गया है. यह कोड आपको खुद जनरेट नहीं करना होगा. ऍफ़एक्यू स्कीमा ऐड करने पर अगर आप ऍफ़एक्यू को उस स्कीमा में जोड़ते जायेंगे तो सर्वर में एक http कोड जनरेट होते जायेगा, इस कोड को सर्च इंजिन रीड करके समझ जायेगा कि यह ऍफ़एक्यू स्कीमा है, और फिर सर्च रिजल्ट में वो उसे वैसे ही सवाल जबाब तरीके से दिखायेगा.

कंटेंट अगर सही तरीके से मार्क होता है तो इसका मतलब होता है वह पेज सर्च रिजल्ट में रिच स्निपिट (Rich Snippet) दिखाने के योग्य है, हो सकता है गूगल आपके कंटेंट को गूगल असिस्टेंट सर्च में दिखा दे. स्कीमा में डाटा ऐड करने का मतलब यह नहीं है कि गूगल हर बार आपकी साईट को सर्च रिजल्ट में उपर दिखाए, सर्च में दिखना नहीं दिखना आपकी साईट की परफॉरमेंस और गूगल अल्गोरिथम पर निर्भर करता है.

ऍफ़एक्यू स्कीमा के फायेदे (Benefits) –

ऍफ़एक्यू स्कीमा सिर्फ बड़ी कंपनी के सवाल-जबाब देने के लिए नहीं है, आप इसे किसी भी तरह के प्रोजेक्ट में डाटा क्रिएट करने के लिए उपयोग कर सकते हो. ऍफ़एक्यू स्कीमा वर्डप्रेस में उपयोग करने के कुछ बड़े फायदे –

  • ऍफ़एक्यू स्कीमा से आर्गेनिक सर्च रिजल्ट में आपकी साईट अच्छे से विज़िबल होती है.
  • ऍफ़एक्यू स्कीमा द्वारा गूगल सर्च रिजल्ट में आपकी साईट को ज्यादा जगह दी जाती है. मतलब आपकी साईट ज्यादा नोटिस होगी, जिससे क्लिक भी बढेंगें.
  • अगर गूगल सर्च इंजिन ने आपके डाटा की मार्किंग को अच्छे से रीड किया है, और आपने ऍफ़एक्यू स्कीमा को सही ढंग से ऐड किया है तो गूगल सर्च रिजल्ट में एक बड़े स्पेस में जगह बना सकते है. आपकी साईट में डाले गए सभी ऍफ़एक्यू को गूगल रिच स्निपिट में शो करेगा, जिससे डाटा ज्यादा अच्छा शो होगा.
  • गूगल सर्च में दिखने वाला डाटा में अधिकतम समय लोग किसी साईट पर क्लिक नहीं करते, गूगल अपने उपभोक्ता बेहतरीन और फ़ास्ट सर्विस देने के लिए रिजल्ट में उसकी क्वेरी का आंसर दे देता है. गूगल बहुत स्मार्ट गेम खेलता है, लेकिन आप भी स्मार्ट बन कर अपनी साईट में क्लिक बढ़ा सकते है. ऍफ़एक्यू स्कीमा से सर्च रिजल्ट में तो क्वेरी का आंसर मिल जाता है, लेकिन कुछ और भी टॉपिक होते है, जिसे सही स्ट्रक्चर में जोड़ कर आप दिखा सकते है. ऍफ़एक्यू स्कीमा का फायदा उठाकर आप अपनी साईट में क्लिक को बढ़ा सकते है, इसके लिए आपको ऍफ़एक्यू में स्मार्टली जबाब लिखना होगा और लोगों को बताना होगा कि आपकी साईट में और भी अच्छी और जरुरी इनफार्मेशन है, जिससे लोग आपकी साईट में क्लिक करें.

ऍफ़एक्यू स्कीमा गाइडलाइन –

गूगल के अनुसार ऍफ़एक्यू स्कीमा के कुछ वैलिड और इनवैलिड उपयोग है जैसे –

वैलिड उपयोग केस (Valid use case) –

  • ऍफ़एक्यू पेज को साईट द्वारा खुद लिखा गया है, यहाँ यूजर के पास दुसरे सवाल जोड़ने का कोई तरीका नहीं होता है.
  • एक प्रोडक्ट सपोर्ट पेज द्वारा ऍफ़एक्यू की लिस्ट बने गई है तो वहां यूजर दुसरे सवाल को नहीं जोड़ सकता.

इनवैलिड उपयोग केस (Invalid use case) –

  • एक फोरम पेज जहाँ यूजर खुद भी किसी 1 सवाल का जबाब दे सकता है.
  • एक प्रोडक्ट सपोर्ट पेज जहाँ यूजर खुद भी किसी 1 सवाल का जबाब दे सकता है.
  • प्रोडक्ट पेज जहाँ यूजर खुद भी किसी 1 या उससे अधिक सवाल का जबाब दे सकता है.

बाकि स्कीमा की तरह ऍफ़एक्यू स्कीमा वेबमास्टर को बहुत सारे बेनिफिट देता है. सबसे ज्यादा इससे यह फायदा मिलता है कि सर्च रिजल्ट में आपकी साईट को अच्छी मार्किंग मिलती है.

FAQ –

Q: FAQ schema कैसे बनाये?

Ans: पहले आप ये सुनिश्चित कर ले कि आपके ओन-पेज में जो कंटेंट है, वो गूगल की गाइडलाइन को ध्यान में रखकर डाला हुआ है. अब आप जो फ्री टूल्स मौजूद है, उसमें से वर्डप्रेस में इनस्टॉल करके FAQ schema जोड़ सकते है.

Q: स्कीमा किसके लिए प्रयोग किया जाता है?

Ans: स्कीमा आमतौर पर डेटाबेस और XML फाइल का वर्णन करने के लिए उपयोग होता है. वर्डप्रेस में कंटेंट को स्ट्रक्चर्ड करने को और गूगल को असिस्ट करने के लिए इसका प्रयोग आजकल बहुत हो रहा है.

Q: FAQ स्कीमा मार्कअप क्या है?

Ans: FAQ स्कीमा तब उपयोग होता है, जब आपके आर्टिकल में FAQ फॉर्मेट में कंटेंट होता है, या आपका एक प्रोडक्ट पेज है, जिसमें उस कंटेंट के बारे में FAQ है.

Q: FAQ स्कीमा Q&A schema में क्या अंतर है?

Ans: Q&A schema, FAQ स्कीमा से अलग होता है. Q&A schema वह उपयोग किया जाता है जहाँ लोग एक ही सवाल के कई जबाब देते है, फिर वोट के जरिये पता करते है कौनसा जबाब बेस्ट है. जबकि FAQ स्कीमा में एक ही जबाब होता है, जिसमें आप वोट नहीं दे सकते है.

Q: स्कीमा के चार प्रकार क्या हैं?

Ans: स्कीमा बहुत तरह के होते है, जिसमें मुख्य ऑब्जेक्ट, पर्सन, सोशल, इवेंट, रोल आदि.

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